Wednesday, June 3

अनसुने अल्फ़ाज़/ Morning Thoughts/ Quotes




 अनसुने अल्फ़ाज़-







?उम्र का मोड़, कोई भी हो…
   बस धड़कनो में, “नशा” जिंदगी जीने का होना चाहिए!!!
     



 ?प्रेम और आस्था पर, किसी का जोर नहीं
     जहाँ मन रम जाए, वहीं रब नजर आता है!!!
        


 ?जब बच्चा बड़ा हो जाता है…
    तो उसकी पेन्सिल लेकर उसे पेन शायद इसलिए दिया जाता है…
    ताकि वो समझ जाए की उसकी ग़लतियों को मिटाना अब आसान      नहीं होगा!!!




  ?जीवन तब जाके “सफल” मानना,
      जब आपका परिचय खुद को न देना पड़े ।




 ?दुनिया का सबसे खूबसूरत म्यूजिक अपनी हार्टबीट है,
     क्योकि इसे खुद भगवान ने कंपोज किया है
     इसलिये हमेशा दिल की सुनें।




 ?मधुर वाणी बोलना एक मंहगा शौक है
     जो हर किसी के बस की बात नहीं!!!




 ?रहमतों की कमी नहीं है, रब के खजाने में…
     झांकना खुद की झोली में है, कि कहीं कोई सूराख तो नहीं ।।

  ?स्वीकार करने की हिम्मत
                      और
      सुधार करने की नीयत हो
                       तो
    इंसान बहुत कुछ सीख सकता है।




  ?हमको कितने लोग पहचानते है ?
            उसका महत्व नहीं है,
       लेकिन क्यों पहचानते है..?
                इसका महत्व है!!!




  ?जिनके पास अपने हैं, वो अपनों से झगड़ते हैं…
      जिनका कोई नहीं अपना, वो अपनों को तरसते हैं..।




 ?कल न हम होंगे न गिला होगा।
     सिर्फ सिमटी हुई यादों का सिललिसा होगा।
     जो लम्हे हैं चलो हंसकर बिता लें।
     जाने कल जिंदगी का क्या फैसला होगा।



 ?हंसते हुए चेहरे का अर्थ ये नहीं कि इनके जीवन में दुखों की                 गैरहाजिरी है 
                               बल्कि 
     इनके अंदर परिस्थितियों को संभालने की क्षमता है!!!





 ?जिंदगी में ऐसे लोग भी मिलते हैं….
     जो वादे तो नहीं करते लेकिन
     निभा बहुत कुछ जाते है.,. 
     वही रिश्ते लाजवाब होते हैं..
     जो एहसानों से नहीं,
      एहसासों से बने होते हैं..!




 ?हमेशा अपनी “बात” कहनें का अन्दाज खूबसूरत रखो….
     ताकि “जवाब” भीं खूबसूरत सुन सको!!!

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